दर्द हो दिल में तभी कलम क्यों चलती है,खुशियो की बारिश में ये क्यों नही बहती है,बेशक़ शायरी हर बात को बेहत खूबसूरती से बया करती है,तो क्यों ये दर्द का दामन थाम हर दम तड़पती है.
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